लंबी ड्राइव

चलो एक लंबी ड्राइव पे चलें
रास्ते और मंजिल से बेफ़िकर
एक बार बिना किसी मतलब के चलें

कुछ दूर चल कर तुम
सुकून की तरफ मोड़ लेना
मन करे तो वो अपना
पुराना गाना भी लगा लेना

आज हर बात की छूट है
हाँ तुम गुनगुना भी सकते हो
अपनी ही तो गाड़ी है
सुरों को तोड़ मरोड़ भी सकते हो

उन जंजीरों को फेंक देना
ख्वाहिशों को जो जकड़े हुए हैं
उन कचरे के डिब्बों में
जो रस्ते के मोड पर पडे़ हुए हैं

कभी सड़क पर
कभी थोड़ा उड़ते हुए
बादलों को अपनी सासों में रखना
अपनी रफ्तार तेज
और समय की रफ्तार धीमी रखना

वो देखो वहां रोशनी है
हंसी के कहकहे भी सुनी है मैंने
चलो उस तरफ चलें
रास्ते और मंजिल से बेख़बर
अपने बचपन में चलें
चलो एक लंबी ड्राइव पे चलें
चलो खयालों कि लंबी ड्राइव पे चलें
चलो अपने बचपन में चलें

Published by Satishtales

I am a dreamer I weave tales in my mind I am connected to you through these words through this screen across the virtual world I and my tales within

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